ओमप्रकाश बांगड़वा, सांचौर/News 9 Rajasthan
8th Pay Commission : सरकारी नौकरी करने वालों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आ गई है। लंबे समय से चर्चा में चल रहे 8वें वेतन आयोग को लेकर अब साफ हो गया है कि इसकी सिफारिशें 1 जनवरी 2026 से लागू की जाएंगी। केंद्र सरकार ने जनवरी 2025 में ही वेतन आयोग को मंजूरी दे दी थी और अब इसके लागू होने की तारीख भी तय हो गई है।
इस फैसले से 50 लाख से ज्यादा केंद्रीय कर्मचारियों और करीब 65 लाख पेंशनर्स को सीधा फायदा मिलेगा। इससे न सिर्फ कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में बढ़ोतरी होगी, बल्कि पेंशन में भी जबरदस्त इजाफा देखने को मिलेगा।
कितनी बढ़ेगी सैलरी?
8वें वेतन आयोग के तहत, सभी स्तरों के कर्मचारियों की सैलरी में बेसिक पे के आधार पर कई गुना बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।
कुछ अनुमान इस प्रकार हैं:
लेवल 1 (चपरासी):
पुरानी सैलरी – ₹18,000
नई संभावित सैलरी – ₹51,480
लेवल 2 (LDC):
पुरानी सैलरी – ₹19,900
नई संभावित सैलरी – ₹56,914
लेवल 3 (कॉन्स्टेबल):
पुरानी सैलरी – ₹21,700
नई संभावित सैलरी – ₹62,062
लेवल 18 (IAS/सेक्रेटरी):
पुरानी सैलरी – ₹2.5 लाख
नई संभावित सैलरी – ₹7.15 लाख
पेंशन में बढ़ोतरी
केवल वेतन नहीं, बल्कि पेंशनर्स को भी बड़ी राहत मिलेगी। फिलहाल न्यूनतम पेंशन ₹9000 है, जो बढ़कर ₹25,740 तक हो सकती है। यह बढ़ोतरी पेंशनभोगियों के जीवन स्तर में बड़ा फर्क ला सकती है।
क्या होगा फिटमेंट फैक्टर?
वेतन बढ़ोतरी में सबसे अहम भूमिका फिटमेंट फैक्टर की होती है। यह एक ऐसा गुणांक होता है, जिससे कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी को गुणा कर नई सैलरी तय की जाती है।
फिटमेंट फैक्टर: 2.57
कर्मचारी संगठनों की मांग: 2.86
2.57 पर सैलरी: ₹46,260
2.86 पर सैलरी: ₹51,480
कर्मचारी यूनियन की मांग है कि न्यूनतम सैलरी ₹26,000 होनी चाहिए और फिटमेंट फैक्टर कम से कम 2.86 लागू किया जाए।
डीए मर्ज और सैलरी स्ट्रक्चर में बदलाव
वर्तमान में केंद्र सरकार 53% महंगाई भत्ता (DA) दे रही है, जो साल के अंत तक 59% तक जा सकता है। चर्चा है कि नया वेतन आयोग लागू होने पर सरकार डीए को बेसिक सैलरी में मर्ज कर सकती है। इसके साथ ही कुछ लेवल्स को मर्ज करने की योजना भी है, जिससे सैलरी और ज्यादा बढ़ सकती है।
राज्य कर्मचारियों को भी मिलेगा लाभ
जैसे ही केंद्र सरकार वेतन आयोग की सिफारिशें लागू करती है, राज्य सरकारें भी उसी आधार पर अपने कर्मचारियों की सैलरी में संशोधन करती हैं। पिछली बार 7वां वेतन आयोग 2016 में लागू हुआ था, जिसे 2014 में गठित किया गया था।
हालांकि अभी तक केंद्र सरकार की ओर से कोई आधिकारिक अधिसूचना जारी नहीं हुई है, लेकिन संभावना है कि इसकी पुष्टि जल्द की जाएगी।



