News 9 Rajasthan Breaking:-अलवर में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा खिलाने वाले 3 इंजीनियर दोस्तों को गिरफ्तार किया है। तीनों ने मिलकर दो साल में 30 से ज्यादा वेबसाइट बनाई। इन वेबसाइट से 60 हजार लोग जुड़े थे।
वे इसके जरिए करीब 150 करोड़ रुपए का सट्टा खिला चुके हैं। वर्चुअल करेंसी के जरिए सट्टा लगाया जाता था। जबकि हवाला के जरिए पैसों का लेनदेन होता था। तीनों अलवर में एक स्पोट्र्स क्लब भी चलाते हैं।
पुलिस ने इनके पास से लैपटॉप, मोबाइल और ATM कार्ड जब्त किए हैं। सट्टे की रकम से इन्होंने राजस्थान, मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश में प्रॉपर्टी खरीदी है, जिसके डॉक्यूमेंट मिले हैं।
अलवर पुलिस ने मंगलवार को तीनों को कोर्ट पेश किया और 6 दिन के रिमांड पर लिया है।
ऑनलाइन सट्टे का मिला था इनपुट
ASP तेजपाल सिंह ने बताया- मामले में सबसे पहले रविवार को नितिन पालीवाल पुत्र ओमप्रकाश पालीवाल निवासी स्कीम-10 (अलवर) को पकड़ा गया था। वह आगरा से अलवर आते हुए नाकाबंदी में पकड़ा गया था।
पूछताछ में उसके दो दोस्तों के शामिल होने का पता चला। सोमवार को महेश शर्मा पुत्र रामनगीना शर्मा निवासी अपना घर शालीमार जी-913 और पीयूष शर्मा पुत्र ओमप्रकाश निवासी शिवाजी पार्क (अलवर) को पकड़ा गया। तीनों ने बीटेक किया हुआ है।
ASP ने बताया- ऑनलाइन सट्टे के बारे में MIA (मत्स्य इंडस्ट्रियल एरिया) थाना प्रभारी अजीत बड़सरा और साइबर सेल के हेड कॉन्स्टेबल संदीप से जानकारी मिली थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई। दरअसल, हेड कॉन्स्टेबल संदीप को नितिन के ऑनलाइन सट्टे से जुड़े होने का इनपुट मिला था।
30 वेबसाइट के जरिए सट्टा खिलाते थे-
ASP तेजपाल सिंह ने बताया- तीनों ने 30 से ज्यादा वेबसाइट बनाई हैं। इसके जरिए ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा खिलाते थे। वेबसाइट पर करीब 150 करोड़ रुपए का हिसाब मिला है। इनके पोर्टल पर करीब 60 हजार लोग कनेक्ट मिले हैं, जिनका पैसा लगा हुआ था। सट्टा वर्चुअल करेंसी के जरिए लगाया जाता था। पैसे का लेनदेन हवाला के जरिए होता था, जो दुबई तक हुआ है।
अलवर में खोल रखा है स्पोट्र्स क्लब
तीनों अलवर में एक साल से डग आउट स्पोट्र्स क्लब चलाते हैं। MIA (अलवर) में भी प्रॉपर्टी खरीदी हुई है। अपना घर शालीमार में भी कई फ्लैट होने की जानकारी सामने आई है, जिसकी जांच चल रही है।



